उदयपुर। नगर निगम लाइसेंस नवीनीकरण फीस संबंधी आ रही परेशानियों को लेकर होटल एसोसिएशन प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त महाधिवक्ता प्रवीण खंडेलवाल से ...
उदयपुर। नगर निगम लाइसेंस नवीनीकरण फीस संबंधी आ रही परेशानियों को लेकर होटल एसोसिएशन प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त महाधिवक्ता प्रवीण खंडेलवाल से मुलाकात कर चर्चा की एवं ज्ञापन दिया। यूडीएच मिनिस्टर जाबर सिंह खर्रा को भी पत्र भेजा है।
इस संबंध में सुदर्शन देव सिंह कारोही एवं नवनिर्वाचित वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरव कोठारी ने बताया कि वर्तमान में नगर निगम द्वारा होटल लाइसेंस नवीनीकरण के लिए डीएलबी के आदेश क्रमांक 28452/डीएलबी/2026/3403 दिनांक 26 मई 2026 के अनुसार नवीन शुल्क दरों के आधार पर डिमांड जारी की जा रही है।
इस विषय पर प्रवीण जी खंडेलवाल, अतिरिक्त महाधिवक्ता, राजस्थान सरकार से विस्तृत चर्चा की गई है तथा उनसे अनुरोध किया गया है कि वे इस विषय को राजस्थान सरकार के समक्ष प्रभावी रूप से प्रस्तुत करें। साथ ही यह निवेदन किया गया है कि अधिसूचना जारी होने से पूर्व ऑनलाइन प्रस्तुत सभी होटल लाइसेंस नवीनीकरण आवेदनों पर शुल्क का निर्धारण पूर्व प्रचलित दरों के अनुसार ही किया जाए।
उल्लेखनीय है कि अधिकांश होटल व्यवसायियों ने अपने नवीनीकरण आवेदन दिसंबर-जनवरी माह में ही ऑनलाइन प्रस्तुत कर दिए थे। अधिसूचना के पश्चात लागू नई शुल्क दरों को पूर्व में प्रस्तुत आवेदनों पर लागू करना न्यायसंगत एवं विधिसम्मत नहीं प्रतीत होता। न्याय, विधिक सिद्धांतों एवं पर्यटन उद्योग के हित में यह अपेक्षित है कि नई शुल्क दरें केवल उन आवेदनों पर लागू हों जो अधिसूचना जारी होने की तिथि के बाद प्रस्तुत किए गए हैं, जबकि उससे पूर्व प्रस्तुत सभी आवेदनों पर पूर्व निर्धारित शुल्क दरें ही लागू की जाएं। यूडीएच मिनिस्टर झाबर सिंह खर्रा को भी उपरोक्त समस्या को लेकर पत्र मेल किया गया है ।
होटल एवं पर्यटन उद्योग राजस्थान की अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण आधार है। इस विषय में न्यायोचित एवं विधिसम्मत निर्णय लिया जाना उद्योग एवं पर्यटन हित में अत्यंत आवश्यक है। इस अवसर पर वरिष्ठ सदस्य एवं पूर्व अध्यक्ष अंबालाल बोहरा, नवनिर्वाचित अध्यक्ष राजेश अग्रवाल, उपाध्यक्ष उषा शर्मा एवं सदस्य विकास पोरवाल उपस्थित थे।

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