उदयपुर, 19 जुलाई। उदयपुर ऑर्थोपेडिक सोसायटी (UOS) द्वारा AI for Clinical Professionals (AICP) के सहयोग से ऑर्थोपेडिक सर्जनों के लिए आर्टिफिश...
उदयपुर, 19 जुलाई। उदयपुर ऑर्थोपेडिक सोसायटी (UOS) द्वारा AI for Clinical Professionals (AICP) के सहयोग से ऑर्थोपेडिक सर्जनों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर हैंड्स-ऑन वर्कशॉप का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सोसायटी के अध्यक्ष डॉ. सी. के. आमेटा ने की।
आयोजन में सचिव डॉ. अनिल गुप्ता एवं उपाध्यक्ष डॉ. अनुराग तलेसरा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
कार्यशाला का संचालन डॉ. स्वाथी करमचेडु ने किया। उन्होंने विभिन्न AI टूल्स का व्यावहारिक प्रशिक्षण देते हुए बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग ऑर्थोपेडिक प्रैक्टिस, रिसर्च, मेडिकल राइटिंग, प्रेजेंटेशन, मरीजों की काउंसलिंग तथा क्लिनिकल निर्णयों को अधिक प्रभावी बनाने में किस प्रकार किया जा सकता है। उनकी इंटरैक्टिव एवं हैंड्स-ऑन कार्यशैली को सभी प्रतिभागियों ने सराहा।
इस कार्यशाला में उदयपुर संभाग के उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, चित्तौड़गढ़ एवं राजसमंद एवं भीलवाड़ा से लगभग 60 ऑर्थोपेडिक सर्जनों ने भाग लिया। विशेष बात यह रही कि 70 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ. रतन शर्मा, डॉ. बी. एल. कुमार एवं डॉ. विनय जोशी ने भी पूरे उत्साह के साथ भाग लेकर AI को अपनी चिकित्सा पद्धति में अपनाने की गहरी रुचि दिखाई।
इस अवसर पर डॉ. सी. के. आमेटा ने कहा कि आने वाले समय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस चिकित्सा क्षेत्र में महत्वपूर्ण परिवर्तन लाएगा और प्रत्येक ऑर्थोपेडिक सर्जन को इस तकनीक से जुड़ना चाहिए।
डॉ. अनिल गुप्ता ने बताया कि उदयपुर ऑर्थोपेडिक सोसायटी भविष्य में भी ऐसी आधुनिक एवं उपयोगी शैक्षणिक कार्यशालाओं का आयोजन करती रहेगी, जिससे चिकित्सकों को नवीनतम तकनीकों का लाभ मिल सके और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जा सके।


No comments